पर्यावरण को संरक्षित करने छात्रों ने बनाएं सीड बॉल

सक्ती। शासकीय प्राथमिक और पूर्व माध्यमिक विद्यालय झालरौंदा के छात्रों ने बनाएं सीड बॉल। पर्यावरण को संरक्षित करने के लिए प्रयास करते हुए विद्यालय के शिक्षक महेन्द्र कुमार चन्द्रा और चंचला चन्द्रा ने छात्रों को सीड बॉल बनाना सिखाया। कक्षा तीसरी से लेकर कक्षा आठवीं तक के छात्रों को इनके द्वारा गुणवत्ता युक्त सीड बॉल बनाना सिखाया गया। छात्रों को मिट्टी तैयार करने से लेकर मिट्टी में कितनी नमी होनी चाहिए जिससे बॉल अच्छे से बन जाए और उसका अंकुरण भी हो सके, इन सभी बातों को विस्तार से बताया गया। छात्रों ने नीम, जामुन, मूनगा जैसे अनेक बीजों से ये सीड बॉल तैयार किए। इसमें ग्राम के जनप्रतिनिधि, महिला बाल विकास की सुपरवाइजर और पालक भी सम्मिलित हुए। उन्होंने इसे बहुत अच्छा पहल बताया साथ ही सीड बॉल बनाने में अपना योगदान दिया। जब छात्रों ने इसे सीखा तो उनके द्वारा प्रति छात्र कम से कम 100 सीड बॉल बनाने का निश्चय लिया गया, जो उनके उत्साह को दिखाता है। इस कार्य से छात्रों की पर्यावरण के प्रति संवेदनशीलता बढ़ती है। वे वृक्षारोपण, पौधों की देख भाल करने जैसे कार्यों में रुचि लेते हैं।




