
रायपुर। छत्तीसगढ़ में मानसून ने एक बार फिर ताबड़तोड़ वापसी की है। मौसम विभाग के अनुसार, 4 सितंबर तक प्रदेश के कई हिस्सों में मध्यम से भारी वर्षा होगी। रायपुर, बिलासपुर और आसपास के क्षेत्रों में मौसम ने करवट ले ली है। शुक्रवार को हुई वर्षा के बाद शनिवार को भी आंशिक बादलों के साथ उमसभरी गर्मी का माहौल बना रहेगा, हालांकि समय-समय पर झमाझम बारिश होगी।
33 जिलों में अलर्ट
IMD रायपुर ने भारी बारिश की चेतावनी देते हुए सभी 33 जिलों को अलर्ट पर रखा है। अगले 96 घंटों तक गरज-चमक के साथ तेज बारिश की संभावना जताई गई है। पिछले 24 घंटों में भी कई जिलों में मध्यम से तेज वर्षा रिकॉर्ड की गई है।
मानसूनी रेखा वर्तमान में बीकानेर, अजमेर, गुना, दमोह, पंडारा रोड, संबलपुर और पुरी से होते हुए बंगाल की खाड़ी तक सक्रिय है। इसकी वजह से इन सभी इलाकों में अच्छी बारिश की संभावना है। साथ ही दक्षिण-पश्चिम मध्यप्रदेश के ऊपर लगभग 0.9 किमी ऊंचाई पर चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। मानसूनी रेखा और इस चक्रवात के असर से छत्तीसगढ़ में वर्षा की गतिविधियां और बढ़ेंगी।
भारी वर्षा से जनजीवन पर असर
बारिश का असर तापमान पर भी देखा जा रहा है। रायपुर जिले के गोबरा नवापारा में सबसे अधिक 52.2 मिमी वर्षा दर्ज की गई। वहीं रायपुर का अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दुर्ग जिले में अधिकतम तापमान 33.8 डिग्री और पेण्ड्रा रोड में न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
हालांकि भारी वर्षा से जनजीवन पर भी असर पड़ रहा है। इस तरह आने वाले चार दिन छत्तीसगढ़ के लिए बारिश भरे रहने वाले हैं। लोगों को सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है।



