
रायपुर। छत्तीसगढ़ में मानसून एक बार फिर पूरी रफ्तार में है। उत्तरी छत्तीसगढ़ और उससे लगे मध्यप्रदेश पर बने निम्न दबाव क्षेत्र के कारण प्रदेश के ज्यादातर जिलों में झमाझम बारिश का सिलसिला जारी है। पिछले 24 घंटों में बिलासपुर, रायपुर और दुर्ग संभाग के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी वर्षा हुई, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ है। वहीं पथरिया में 17 सेमी, बिल्हा और बिलासपुर में 11 सेमी जैसी चौंकाने वाली बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि आने वाले 24 घंटों में भी कई स्थानों पर गरज-चमक और वज्रपात की संभावना बनी हुई है। हालांकि 5 सितंबर से पूरे प्रदेश में बारिश की रफ्तार धीमी होने लगेगी और वर्षा के वितरण व तीव्रता में कमी आएगी।
भारी बारिश से जनजीवन प्रभावित
पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में मध्यम वर्षा दर्ज की गई। वहीं बिलासपुर, रायपुर और दुर्ग संभागों के कुछ इलाकों में भारी से बहुत भारी वर्षा हुई। सबसे अधिक अधिकतम तापमान दुर्ग में 31.8 डिग्री सेल्सियस और सबसे कम न्यूनतम तापमान राजनांदगांव में 21.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
बारिश के आंकड़े चौंकाने वाले
पथरिया में सर्वाधिक 17 सेमी बारिश। बिल्हा, भैसमा, बिलासपुर में 11 सेमी। तखतपुर, बोदारी, सकरी में 10 सेमी। कटघोरा, मालखरौदा, बरपाली, घरघोड़ा, अड़भार, बलौदा में 9 सेमी। कोरबा, मुंगेली, पाली, रायगढ़ समेत अन्य जिलों में 4 से 8 सेमी तक वर्षा दर्ज की गई।
सिनोप्टिक सिस्टम ने बढ़ाई नमी
मौसम वैज्ञानिक एचपी चंद्रा के अनुसार, उत्तरी छत्तीसगढ़ और पूर्वी मध्यप्रदेश पर निम्न दबाव क्षेत्र सक्रिय है। मानसून की द्रोणिका जैसलमेर से होते हुए बंगाल की खाड़ी तक फैली है। वहीं अरब सागर से बंगाल की खाड़ी तक बनी द्रोणिका के कारण प्रदेश में लगातार बारिश हो रही है।
आने वाले दिनों में कैसा रहेगा मौसम
प्रदेश के अधिकांश स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा की संभावना है। एक-दो जगहों पर मेघगर्जन और वज्रपात की आशंका भी है। वहीं दो दिन बाद प्रदेश में केवल कुछ स्थानों पर ही हल्की वर्षा होने की संभावना जताई गई है।
रायपुर में बादलों का डेरा
राजधानी रायपुर में 5 सितंबर को आसमान सामान्यतः मेघमय रहेगा। बीच-बीच में गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। अधिकतम तापमान 31 डिग्री और न्यूनतम तापमान 24 डिग्री के आसपास रहने का अनुमान है।



