अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस विशेष: गृहणी से जनपद अध्यक्ष बनीं पुष्पा खुंटे की सफलता की कहानी

सक्ती। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर क्षेत्र की महिलाओं के लिए प्रेरणा बनी हैं पुष्पा परदेशी खुंटे, जिन्होंने एक साधारण गृहणी से जनपद पंचायत जैजैपुर की अध्यक्ष बनने तक का सफर तय किया है। उनकी यह उपलब्धि क्षेत्र की महिलाओं के लिए एक मिसाल बन गई है। पुष्पा खुंटे का राजनीतिक सफर आसान नहीं था। वे पहले एक गृहणी के रूप में अपने परिवार और समाज की जिम्मेदारियों का निर्वहन करती थीं। उनके पति परदेशी खुंटे ग्राम पंचायत आमाकोनी के सरपंच रह चुके हैं। उनके सामाजिक और राजनीतिक अनुभव का लाभ पुष्पा खुंटे को जनपद पंचायत चुनाव में मिला।
जनपद पंचायत चुनाव में जनता का भरपूर समर्थन मिलने के बाद पुष्पा खुंटे अध्यक्ष पद तक पहुँचीं। अध्यक्ष बनने के बाद वे क्षेत्र के विकास कार्यों और महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए लगातार कार्य कर रही हैं। जनपद पंचायत जैजैपुर में महिला नेतृत्व की मजबूत भागीदारी भी देखने को मिलती है। 24 सदस्यों वाली इस जनपद पंचायत में 14 सदस्य महिलाएं हैं, जो पंचायत में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी और सशक्तिकरण का उदाहरण है। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर यह संदेश मिलता है कि यदि महिलाओं को अवसर और समर्थन मिले तो वे किसी भी क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल कर सकती हैं। पुष्पा खुंटे की यह सफलता क्षेत्र की महिलाओं के लिए प्रेरणा है और यह दिखाती है कि महिलाएं आज हर क्षेत्र में आगे बढ़कर नेतृत्व कर रही हैं।




